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    Surya Grahan 2026: 37 साल बाद कुंभ राशि में लगेगा सूर्य ग्रहण, जानिए भारत में दिखेगा या नहीं

    3 days ago

    Surya Grahan 2026: साल 2026 में कुल चार ग्रहण देखने को मिलेंगे. इनमें दो सूर्य ग्रहण और दो चंद्र ग्रहण होंगे. साल 2026 का पहला सूर्य ग्रहण फरवरी में और चंद्र ग्रहण मार्च में लगेगा. वहीं दूसरा सूर्य व चंद्र ग्रहण अगस्त में लगेगा.

    37 साल बाद कुंभ राशि में सूर्य ग्रहण का संयोग

    पाल बालाजी ज्योतिष संस्थान जयपुर जोधपुर के निदेशक ज्योतिषाचार्य डा. अनीष व्यास ने बताया कि, साल 2026 का पहला सूर्य ग्रहण 17 फरवरी को लगने वाला है. यह सूर्य ग्रहण कुंभ राशि में धनिष्ठा नक्षत्र में लगेगा. ज्योतिषीय गणना के अनुसार, 37 साल बाद कुंभ राशि में फिर से ऐसा सूर्य ग्रहण लग रहा है जब ग्रहण के दौरान सूर्य के साथ राहु, बुध, शुक्र और चंद्रमा भी मौजूद रहेंगे. इससे पहले 7 मार्च 1989 में जब सूर्य ग्रहण लगा था, उस समय भी ग्रहों की ऐसी ही स्थिति थी. अब साल 2026 में जब सूर्य ग्रहण लगेगा उस समय भी यह सभी ग्रह कुंभ राशि में गोचर करेंगे. सूर्य और राहु की युति कुंभ राशि में बनने से ग्रहण योग भी प्रभावी होगा.

    साल का पहला सूर्य ग्रहण 17 फरवरी को लगेगा. ये वलयाकार सूर्य ग्रहण होगा. हालांकि यह सूर्य ग्रहण भी भारत में दिखाई नहीं देगा, लेकिन जिम्बाब्वे, दक्षिण अफ्रीका, जाम्बिया, मोजम्बीक, मॉरीशस, अंटार्कटिका सहित तन्जानिया और दक्षिण अमेरिकी देशों में दिखाई देगा. इसके बाग साल का दूसरा सूर्य ग्रहण 12 अगस्त, 2026 को लगेगा. श्रावण मास की हरियाली अमावस्या को यह ग्रहण लगेगा. भारत को छोड़कर उत्तरी अमेरिका, अफ्रीका, यूरोप आर्कटिक, ग्रीनलैंड, आइसलैंड, स्पेन में दिखाई देगा.

    भारत में दिखाई नहीं देगा सूर्य ग्रहण

    साल 2026 का पहला सूर्य ग्रहण 17 फरवरी को लगने जा रहा है. यह सूर्य ग्रहण भारत में दिखाई नहीं देगा. इसलिए इसका सूतक काल भी मान्य नहीं होगा. सूर्य ग्रहण भारत में दृश्यमान नहीं होगा. इसलिए भारत में इस ग्रहण का कोई धार्मिक या ज्योतिषीय प्रभाव नहीं माना जाएगा. यही कारण है कि भारत में इस ग्रहण के लिए सूतक काल मान्य नहीं होगा.

    ग्रहण का समय और अवधि

    सूर्य ग्रहण भारतीय समयानुसार 17 फरवरी को दोपहर 3:27 बजे पर आरंभ होगा और शाम 6:06 बजे पर समाप्त हो जाएगा. यह ग्रहण कुल 4 घंटे 31 मिनट की अवधि तक रहेगा. हालांकि, यह ग्रहण भारत में दिखाई नहीं देगा और ना ही इसका सूतक काल मान्य होगा.

    प्राकृतिक आपदाओं की आशंका

    सूर्य ग्रहण की वजह से प्राकृतिक आपदाओं का समय से ज्यादा प्रकोप देखने को मिल सकता है. इसमें भूकंप, बाढ़, सुनामी, विमान दुर्घटनाएं का संकेत मिल रहे हैं. हालांकि प्राकृतिक आपदा में जनहानि कम ही होने की संभावना है. फिल्म एवं राजनीति से दुखद समाचार, व्यापार में तेजी आएगी. बीमारियों में कमी आएगी. रोजगार के अवसर बढ़ेंगे. आय में इजाफा होगा. वायुयान दुर्घटना होने की संभावना. पूरे विश्व में राजनीतिक अस्थिरता यानि राजनीतिक माहौल उच्च होगा. राजनीतिक आरोप-प्रत्यारोप ज्यादा होंगे. सत्ता संगठन में बदलाव होंगे. पूरे विश्व में सीमा पर तनाव शुरू हो जायेगा. आंदोलन, हिंसा, धरना प्रदर्शन हड़ताल, बैंक घोटाला, उपद्रव और आगजनी की स्थितियां बन सकती हैं.

    ये भी पढ़ें: Surya Grahan 2026: 17 फरवरी को शनि की राशि में ‘काला सूर्य’, ये राशियां होंगी अधिक प्रभावित

    Disclaimer: यहां मुहैया सूचना सिर्फ मान्यताओं और जानकारियों पर आधारित है. यहां यह बताना जरूरी है कि ABPLive.com किसी भी तरह की मान्यता, जानकारी की पुष्टि नहीं करता है. किसी भी जानकारी या मान्यता को अमल में लाने से पहले संबंधित विशेषज्ञ से सलाह लें.

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