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    क्या शुगर फ्री बिस्किट से भी हो जाती है डायबिटीज, डॉक्टर से जानें क्या है सच?

    1 week ago

    आज के समय में डायबिटीज एक आम लेकिन गंभीर बीमारी बनती जा रही है. जैसे ही किसी व्यक्ति को डायबिटीज होने का पता चलता है, उसे तुरंत कई तरह के परहेज बता दिए जाते हैं. सबसे पहले चीनी बंद, फिर मीठी चीजें, बिस्किट, नमकीन, आलू, मैदे से बनी चीजें और यहां तक कि गेहूं के आटे पर भी सवाल उठने लगते हैं. ऐसे में लोगों को लगता है कि अब वे क्या खाएं और क्या नहीं.  इसी परेशानी का फायदा उठाकर बाजार में शुगर फ्री प्रोडक्ट्स की भरमार हो गई है. बिस्किट, चॉकलेट, आइसक्रीम, मिठाइयां लगभग हर चीज शुगर फ्री नाम से मिलने लगी है.

    डायबिटीज के मरीज यह सोचकर इन्हें बिना झिझक खा लेते हैं कि जब इसमें चीनी नहीं है तो इससे शुगर लेवल कैसे बढ़ेगा. लेकिन डॉक्टर बताते हैं कि शुगर फ्री शब्द कई बार लोगों को भ्रम में डाल देता है. खासकर शुगर फ्री बिस्किट को लोग बिल्कुल हेल्दी मानकर रोज खाने लगते हैं, जबकि सच्चाई कुछ और है. तो आइए जानते हैं कि क्या शुगर फ्री बिस्किट से भी डायबिटीज हो जाती है. 

    क्या शुगर फ्री बिस्किट से भी डायबिटीज हो जाती है?

    ज्यादातर शुगर फ्री बिस्किट मैदे से बने होते हैं. भले ही इनमें सफेद चीनी न हो, लेकिन मैदा खुद ब्लड शुगर को तेजी से बढ़ाने का काम करता है. इसके अलावा इनमें रिफाइंड ऑयल या ट्रांस फैट भी मिलाया जाता है, जो सेहत के लिए बिल्कुल अच्छा नहीं होता है. मैदा खाने से शरीर में इंसुलिन का स्तर अचानक बढ़ता है, जिससे ब्लड शुगर स्पाइक कर सकता है. यही वजह है कि शुगर फ्री बिस्किट को रोजाना और ज्यादा मात्रा में खाना डायबिटीज के मरीजों के लिए नुकसानदायक हो सकता है.यहां तक कि जो लोग डायबिटिक नहीं हैं, उनमें भी भविष्य में डायबिटीज होने का खतरा बढ़ सकता है. 

    कितनी मात्रा में खा सकते हैं? शुगर फ्री बिस्किट

    अगर आप शुगर फ्री बिस्किट खाते हैं तो यह समझना जरूरी है कि इसे फ्री समझकर ज्यादा न खाएं. डॉक्टर की सलाह है कि दिन में 1–2 बिस्किट से ज्यादा न खाएं और वह भी कभी-कभी, रोजाना चाय के साथ बिस्किट खाने की आदत से बचना चाहिए. 

    बिस्किट खरीदते समय क्या देखें?

    शुगर फ्री बिस्किट खरीदते समय पैकेट का लेबल जरूर पढ़ें. देखें कि बिस्किट मैदे से बना है या होल व्हीट (साबुत गेहूं) से, इसमें फाइबर की मात्रा अच्छी होनी चाहिए, माल्टोडेक्सट्रिन जैसे तत्व न हों, क्योंकि यह भी ब्लड शुगर बढ़ा सकता है. किस तरह का आर्टिफिशियल स्वीटनर इस्तेमाल किया गया है, यह भी चेक करें. अगर लेबल साफ नहीं है या ज्यादा केमिकल्स लिखे हैं, तो ऐसे बिस्किट से दूरी बनाना ही बेहतर है. 

    अगर आपको चाय के साथ कुछ खाने की आदत है तो बिस्किट की जगह हेल्दी ऑप्शन चुनें. जैसे रोस्टेड मखाना, मूंगफली, काजू या बादाम (सीमित मात्रा में), अलसी, चिया सीड्स, कद्दू के बीज, ओट्स से बनी चीजें. इसके अलावा ज्वार, बाजरा और रागी जैसे मोटे अनाज से बनी चीजें डायबिटीज के मरीजों के लिए ज्यादा फायदेमंद होती हैं. अगर आपको बिस्किट खाना ही है, तो घर पर बने आटे के बिस्किट सबसे अच्छा ऑप्शन हैं. इनमें आप चीनी की मात्रा कंट्रोल कर सकते हैं और मैदे व रिफाइंड ऑयल से बच सकते हैं. 

    यह भी पढ़ें: Health Risks of Aluminium Foil: क्या खाना रखने के लिए आप भी इस्तेमाल करती हैं एल्यूमीनियम फॉयल, जानें अपने परिवार को किस खतरे में डाल रहीं आप?

    Disclaimer: यह जानकारी रिसर्च स्टडीज और विशेषज्ञों की राय पर आधारित है. इसे मेडिकल सलाह का विकल्प न मानें. किसी भी नई गतिविधि या व्यायाम को अपनाने से पहले अपने डॉक्टर या संबंधित विशेषज्ञ से सलाह जरूर लें.

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