Search

    Language Settings
    Select Website Language

    GDPR Compliance

    We use cookies to ensure you get the best experience on our website. By continuing to use our site, you accept our use of cookies, Privacy Policy, and Terms of Service.

    dailyadda
    dailyadda

    क्या आर्मी यूज के लिए फोन और लैपटॉप को मिलता है मिलिट्री-ग्रेड सर्टिफिकेशन? जानें गैजेट के लिए इसका मतलब

    1 week ago

    अगर आपने गौर किया है तो कई लैपटॉप और स्मार्टफोन मिलिट्री-ग्रेड सर्टिफिकेशन के साथ आते हैं. मिलिट्री-ग्रेड सर्टिफिकेशन से कुछ लोगों को लग सकता है कि किसी गैजेट को मिलिट्री यूज के लिए तैयार किया गया है और उसे मिलिट्री में यूज किया जाता है. क्या सच में ऐसा होता है या यह एक मार्केटिंग का एक तरीका है. आज हम आपको बताने जा रहे हैं कि किसी गैजेट के मिलिट्री-ग्रेड सर्टिफिकेशन का क्या मतलब होता है. 

    क्या होता है मिलिट्री ग्रेड सर्टिफिकेशन?

    मिलिट्री-ग्रेड सर्टिफिकेशन को MIL-STD-810 के लिए रेफर किया जाता है. यह एक अमेरिकी मिलिट्री का बनाया हुआ स्टैंडर्ड है, जिसके तहत वह अलग-अलग इक्विपमेंट को मुश्किल कंडीशन में टेस्ट करती है. इस स्टैंडर्ड में किसी गैजेट को टेंपरेचर, ह्यूमैडिटी, शॉक, वाइब्रेशन, डस्ट और अलग-अलग कंडीशन में टेस्ट किया जाता है. इन टेस्ट में यह देखा जाता है कि कोई इक्विपमेंट कितने कम और गर्म तापमान को झेल सकता है. इसी तरह उसे हाइट से गिराकर, धूल में रखकर आदि कई तरीकों से परखा जाता है.

    लैपटॉप और स्मार्टफोन जैसे गैजेट के लिए इसका क्या मतलब?

    अगर स्मार्टफोन के कॉन्टेक्स्ट में देखें तो इस सर्टिफिकेशन का मतलब यह नहीं है कि इन्हें मिलिट्री के लिए टेस्ट किया गया है. इसका मतलब है कि वह गैजेट कई ऐसे लैब टेस्ट से गुजरा है, जो उसके टिपिकल यूज केस से अलग हैं. अधिकतर सर्टिफिकेशन ड्रॉप टेस्ट से रिलेटिड होते हैं. यानी उस गैजेट को अलग-अलग हाइट से गिराकर उसकी ड्यूरैबिलिटी को टेस्ट किया जाता है. इसके अलावा कई बार डस्ट रजिस्टेंस और टेंपरेचर टॉलरेंस के टेस्ट भी किए जाते हैं. लैपटॉप की बात करें तो इसे थर्मल स्टैबिलिटी और दूसरे ड्यूरैबिलिटी टेस्ट से गुजारा जाता है, जिसमें लैपटॉप के हिंज और दूसरे मूविंग पार्ट्स को वाइब्रेशन, रिपीटेड मोशन और ड्रॉप के समय टेस्ट किया जाता है. 

    ये भी पढ़ें-

    गजब हो गया! 50,000 रुपये से कम में मिल रहा है आईफोन 17, यहां चल रहा छप्परफाड़ ऑफर

    Click here to Read More
    Previous Article
    आसमान में दुश्मन की अब खैर नहीं! AkashTeer के लिए आर्मी खरीदेगी 30 सुपर-एडवांस्ड रडार, जानिए किस टेक्नोलॉजी पर करेगी काम
    Next Article
    कीबोर्ड का सबसे बड़ा रहस्य! ABCDE की सीधी लाइन क्यों नहीं दिखती? जानिए इसके पीछे की चौंकाने वाली वजह

    Related टेक्नोलॉजी Updates:

    Are you sure? You want to delete this comment..! Remove Cancel

    Comments (0)

      Leave a comment