Search

    Language Settings
    Select Website Language

    GDPR Compliance

    We use cookies to ensure you get the best experience on our website. By continuing to use our site, you accept our use of cookies, Privacy Policy, and Terms of Service.

    dailyadda
    dailyadda

    Human Lifespan 150 Years: क्या 150 साल तक जिंदा रह सकता है इंसान? इस रिसर्च के बाद शुरू हुई बहस

    1 week ago

    New Research On Human Lifespan Extension: मानव जीवन को लंबा करने का विचार लंबे समय से साइंटिस्ट को आकर्षित करता रहा है. आधुनिक मेडिकल ने इसमें काफी तरक्की की है, लेकिन साइंटिस्ट अब भी ऐसे तरीकों की तलाश में हैं जिनसे बढ़ती उम्र की प्रक्रिया को धीमा किया जा सके और उम्र से जुड़ी बीमारियों को रोका जा सके. हाल ही में चीन की एक बायोटेक कंपनी ने इस विषय पर नई बहस छेड़ दी है.

     शेन्जेन स्थित स्टार्टअप Lonvi Biosciences का दावा है कि उसने एक ऐसी एक्सपेरिमेंटल गोली विकसित की है, जिसकी मदद से इंसान की उम्र भविष्य में 150 साल तक पहुंच सकती है. कंपनी के अनुसार उनकी रिसर्च शरीर में मौजूद उन हानिकारक सेल्स को हटाने पर केंद्रित है, जो उम्र बढ़ने की प्रक्रिया को तेज करती हैं. सोशल मीडिया और वैज्ञानिक मंचों पर सामने आई रिपोर्ट्स के मुताबिक यह दवा अंगूर के बीज से प्राप्त तत्वों का इस्तेमाल करती है, जो शरीर में मौजूद खास प्रकार की सेल्स को निशाना बनाती हैं. इन कोशिकाओं को आम भाषा में "जॉम्बी सेल्स" कहा जाता है.

    जॉम्बी सेल्स किसे कहा जाता है?

    साइंस के टर्म  में इन्हें senescent cells कहा जाता है. ये ऐसी सेल्स होती हैं जो क्षतिग्रस्त या बूढ़ी हो चुकी होती हैं और सेल्स विभाजित होना बंद कर देती हैं, लेकिन मरती नहीं हैं. इसके बजाय ये शरीर में बनी रहती हैं और आसपास के  में सूजन पैदा करने वाले रसायन छोड़ती रहती हैं. समय के साथ इन सेल्स का जमाव शरीर में कई समस्याओं को जन्म दे सकता है. साइंटिस्ट का मानना है कि यही सेल्स बढ़ती उम्र के साथ होने वाली बीमारियों जैसे दिल की बीमारी, गठिया और न्यूरोलॉजिकल समस्याओं में भूमिका निभा सकती हैं.

    इसे भी पढ़ें- नाखून बता सकते हैं सेहत का राज, आयरन की कमी से लेकर फेफड़ों की बीमारी तक देते हैं ये संकेत

    कैसे काम कर सकती है दवा?

    कंपनी का दावा है कि यह गोली अंगूर के बीज से बने यौगिकों की मदद से शरीर में मौजूद इन खराब सेल्स को खत्म करने में मदद कर सकती है. अगर इन सेल्स को कम किया जा सके तो शरीर में होने वाली सूजन और टिश्यू को होने वाले नुकसान को कम किया जा सकता है. लंबी उम्र से जुड़ी रिसर्च में साइंटिस्ट पहले से ही senolytics नाम की दवाओं पर काम कर रहे हैं, जिनका उद्देश्य इन बूढ़ी सेल्स को खत्म करना है. शुरुआती प्रयोगों में जानवरों पर इसके कुछ पॉजिटिव परिणाम भी देखने को मिले हैं, जैसे बेहतर शारीरिक क्षमता और उम्र से जुड़ी गिरावट में देरी.

     

    दवा आने में लगेगा वक्त

    हालांकि साइंटिस्ट का कहना है कि ऐसी किसी भी दवा को इंसानों के लिए सुरक्षित और प्रभावी साबित करने में अभी लंबा समय लग सकता है. किसी भी नई थेरेपी को आम लोगों तक पहुंचने से पहले कई चरणों के क्लिनिकल ट्रायल से गुजरना पड़ता है.

    यह भी पढ़ें- पैरों में दिखें ये 7 लक्षण तो तुरंत भागें डॉक्टर के पास, वरना डैमेज हो जाएगा लिवर

    Click here to Read More
    Previous Article
    Stem Cell Therapy: स्टेम सेल थेरेपी से होगा पार्किंसंस का इलाज, जापान ने दुनिया में पहली बार दी इस खास तरीके को मंजूरी
    Next Article
    Sundar Pichai Lifestyle: 365 दिन में 2133 करोड़ की सैलरी पाने वाले इस भारतीय का घर देखा क्या? फटी रह जाएंगी आंखें

    Related लाइफस्टाइल Updates:

    Are you sure? You want to delete this comment..! Remove Cancel

    Comments (0)

      Leave a comment