Search

    Language Settings
    Select Website Language

    GDPR Compliance

    We use cookies to ensure you get the best experience on our website. By continuing to use our site, you accept our use of cookies, Privacy Policy, and Terms of Service.

    dailyadda
    dailyadda

    Cancer Disease: शरीर के किन अंगों में सबसे पहले होता है कैंसर? होश उड़ा देगी यह रिपोर्ट

    1 week ago

    Most Common Cancers In The World: कैंसर एक ऐसी बीमारी है जिसमें शरीर की सेल्स बिना नियंत्रण के बढ़ने लगती हैं. समय के साथ ये सेल्स आसपास के टिश्यू और अंगों को नुकसान पहुंचाती हैं. यह रोग शरीर के किसी भी हिस्से में हो सकता है, लेकिन कुछ अंग ऐसे हैं जो दूसरों की तुलना में ज्यादा प्रभावित पाए गए हैं. कौन-सा अंग कैंसर की चपेट में आएगा, यह कई बातों पर निर्भर करता है. जैसे उस अंग में सेल्स के बदलने की गति, पर्यावरणीय कारकों का असर, जेनेटिक गुण और उम्र से जुड़े बदलाव.

    दुनिया भर के हेल्थ से जुड़े आंकड़ों के अनुसार, कुछ खास अंग ऐसे हैं जहां कैंसर के सबसे ज्यादा मामले और मौतें दर्ज होती हैं. जहां जांच, स्क्रीनिंग और इलाज की सुविधाएं बेहतर होती हैं, वहां कैंसर के मामलों और मृत्यु दर में फर्क भी देखा जाता है. पुरुष और महिलाएं अलग-अलग तरह से प्रभावित होते हैं और उम्र भी यह तय करने में अहम भूमिका निभाती है कि कौन-सा टिश्यू ज्यादा संवेदनशील होगा.

    आम कैंसर और वे किन अंगों को प्रभावित करते हैं

    संयुक्त राष्ट्र की प्रमुख स्वास्थ्य एजेंसी वर्ल्ड हेल्थ ऑर्गेनाइजेशन के आंकड़ों के मुताबिक, छह तरह के कैंसर दुनिया भर में सबसे ज्यादा पाए जाते हैं. इनमें लंग्स का कैंसर, ब्रेस्ट कैंसर, कोलोरेक्टल कैंसर, प्रोस्टेट कैंसर, लिवर कैंसर और पेट का कैंसर शामिल हैं. लंग्स का कैंसर सांस लेने की ट्यूब्यूल्स और छोटी एयरवे की अंदरूनी परत में बनता है. लंबे समय तक धूम्रपान या प्रदूषित हवा के संपर्क में रहने से इसका खतरा बढ़ जाता है. ब्रेस्ट कैंसर, ब्रेस्ट की  ट्यूब्यूल्स और ग्रंथियों में विकसित होता है, जहां हार्मोनल बदलावों का असर पड़ता है.

    वहीं, कोलोरेक्टल कैंसर बड़ी आंत और मलाशय की अंदरूनी परत में होता है, जहां कोशिकाओं का नवीनीकरण लगातार चलता रहता है. प्रोस्टेट कैंसर प्रोस्टेट ग्रंथि में बनता है और अधिकतर उम्रदराज पुरुषों में पाया जाता है. लिवर कैंसर आमतौर पर लिवर की सेल्स से शुरू होता है और यह लंबे समय तक लिवर रोग, वायरल इंफेक्शन या रसायनों के संपर्क से जुड़ा हो सकता है. पेट का कैंसर पेट की अंदरूनी परत से पैदा होता है और इसका संबंध खान-पान की आदतों और हेलिकोबैक्टर पाइलोरी संक्रमण से देखा गया है.

     कैंसर होने के कारण

    कैंसर तब होता है जब सेल्स के डिवाइड को नियंत्रित करने वाले जीन में नुकसान पहुंचता है. यह नुकसान जन्म से मिल सकता है या समय के साथ हो सकता है. लंबे समय तक संक्रमण, तंबाकू और रसायनों के संपर्क, रेडिएशन, हार्मोनल बदलाव और लगातार सूजन जैसे कारण इसमें भूमिका निभाते हैं.

    किन लोगों को ज्यादा खतरा रहता है?

    50 साल से अधिक उम्र, किसी भी रूप में तंबाकू का सेवन, असंतुलित आहार, ज्यादा शराब पीना, मोटापा, शारीरिक गतिविधि की कमी, पारिवारिक हिस्ट्री, प्रदूषण और लंबे समय तक इंफेक्शन, ये सभी कैंसर का जोखिम बढ़ाते हैं.

     बचाव और शुरुआती पहचान

    धूम्रपान छोड़ना, जरूरी टीकाकरण, संतुलित आहार, नियमित व्यायाम, शराब सीमित करना और समय-समय पर जांच कराना कैंसर के खतरे को कम कर सकता है. शुरुआती जांच जैसे इमेजिंग टेस्ट, बायोप्सी और स्क्रीनिंग कार्यक्रम बीमारी को समय रहते पकड़ने में मदद करते हैं.

    आज के समय में इलाज

    कैंसर का इलाज ट्यूमर की स्थिति और मरीज की सेहत पर निर्भर करता है. सर्जरी, रेडियोथेरेपी, कीमोथेरेपी, टार्गेटेड थेरेपी, इम्यूनोथेरेपी और हार्मोन थेरेपी प्रमुख विकल्प हैं. जब इलाज संभव न हो, तब पेलिएटिव केयर के जरिए दर्द और तकलीफ को कम कर जीवन की गुणवत्ता बनाए रखने पर ध्यान दिया जाता है.

    इसे भी पढ़ें- Energy Drinks Side Effects: क्या आप भी पीते हैं एनर्जी ड्रिंक, जानें कैसे कैफीन-शुगर का कॉम्बिनेशन किडनी कर रहा डैमेज?

    Disclaimer: यह जानकारी रिसर्च स्टडीज और विशेषज्ञों की राय पर आधारित है. इसे मेडिकल सलाह का विकल्प न मानें. किसी भी नई गतिविधि या व्यायाम को अपनाने से पहले अपने डॉक्टर या संबंधित विशेषज्ञ से सलाह जरूर लें.

    Click here to Read More
    Previous Article
    Arrhythmia: क्या धड़कते-धड़कते अचानक रुक आता है आपका भी दिल, जानें किस बीमारी में होता है ऐसा?
    Next Article
    Sitting Too Long On Toilet: क्या ज्यादा देर टॉयलेट में बैठने से निकल जाता है मलाशय? इस देश में सामने आ चुका केस

    Related हेल्थ Updates:

    Are you sure? You want to delete this comment..! Remove Cancel

    Comments (0)

      Leave a comment